Ayodhya Ram Mandir Chadawa Chori Live: सूत्रों से खबर आ रही है कि चंपराय को मंदिर दान चोरी मामले की जानकारी नहीं थी इसलिए उन्हें क्लीन चिट दिया जा सकता है. सूत्रों ने ही बताया कि SIT ने यह माना कि सेवादारों को गबन की जानकारी थी. SIT के हवाले से बताया गया है कि फाइनल रिपोर्ट आने में अभी समय लग सकता है. ऐजेंसी ने विस्तार से जांच के लिए समय मांगा है. राम मंदिर दान चोरी मामले में अब तक की ये सबसे बड़ी खबर है.
SIT ने क पेशेवर सीईओ (CEO) तैनात करने की सिफारिश की
सूत्रों के मुताबिक, SIT ने 14 लोगों के लिखित बयान दर्ज किए हैं, जो आधिकारिक दस्तावेजों से मेल नहीं खा रहे हैं, और यह भी सामने आया है कि सेवादारों को इस गबन की पहले से जानकारी थी. रिपोर्ट में खुलासा हुआ है कि ट्रस्ट में शामिल न होने के बावजूद गोपाल राव प्रबंधन देख रहे थे और दानपात्रों की मुख्य चाबियां टिन्नू यादव के पास रहती थीं; हालांकि, शुरुआती तौर पर किसी को सीधे दोषी न ठहराते हुए SIT ने पूरी व्यवस्था को पारदर्शी बनाने के लिए एक पेशेवर सीईओ (CEO) तैनात करने और मैनेजमेंट के लिए कॉर्पोरेट तरीका अपनाने की बड़ी सिफारिश की है तथा विस्तृत जांच के लिए सरकार से और समय मांगा है.
200 किलो चांदी चोरी होने पर क्या बोले दानकर्ता?
सवाल 1. डॉ. मानवानी, अयोध्या में इस वक्त चंदे को लेकर चौतरफा विवाद और SIT जांच चल रही है. इस पूरे विवाद पर एक रामभक्त और एक बड़े दान दाता के नाते आपकी पहली प्रतिक्रिया क्या है?
राजू मानवानी: देखिए जब भी कोई दान देता है तो ये सोचकर दान नहीं देता कि हमे कुछ मिले, लेकिन दान देने के बाद रसीद नहीं मिलती है या उन्हें ये नहीं बताया जाता है की 200 किलो चांदी कहाँ यूज हो रही है मंदिर के अंदर तो थोड़ा दुःख तो होता है. हमने 6 साल से इस बात पता नहीं चला की इसका कहां यूज हुआ, हमने रिमाइंडर भी भेजें, मंदिर खुलने का हमे आमंत्रण मिले, लेकिन कभी कोई रिस्पॉन्स नहीं मिला.
सवाल 2: आपका कहना है कि राम मंदिर निर्माण के दौरान सिंधी समाज ने 200 किलो चांदी की ईंटें दान की थीं. ये कोई छोटा-मोटा दान नहीं है, करोड़ों की संपत्ति है. ये पूरा वाकया कब का है?
राजू मानवानी: ये वाक्या 26 जनवरी 2021 का है जब सभी लोग राममंदिर के लिए दान दे रहे थे, तो हम सिंधी समाज के लोगों ने भी मंदिर निर्माण में सहयोग करने का सोचा और हमलोगों ने 200 किलो चांदी की ईंटें दान में दिया.
सवाल 3: आपने देश के सामने ये बात रखी है कि आपने ये दान सीधे श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र के महासचिव चंपत राय को सौंपा था. चंपत राय जी से आपकी क्या बातचीत हुई थी, उन्होंने उस वक्त आपसे क्या कहा था?
राजू मनवानी: चंपत राय जी और उनकी टीम के लोगों को हमने 200 किलो चांदी की ईंटें कई पेटियों में करके दिया था, हमारे सिंधी समाज के लगभग 200 लोग भी उस समय मौजूद थे, उस समय की सभी फोटोग्राफ भी मौजूद है.
सवाल 4: डॉ. मानवानी, जब देश का आम नागरिक 100 रुपये भी दान करता है, तो वो तुरंत रसीद लेता है. आप 200 किलो चांदी दान में दी… इतनी बड़ी चूक कैसे हो गई कि आपने मौके पर रसीद नहीं ली? या आपको रसीद देने से मना किया गया था?
राजू मनवानी: दान देने के बाद 2-3 बार पूछने की कोशिश की गयी कि इसका कहां यूज होगा, तो बोला गया कि पहले चेक करेंगे उसके बाद में बताया जायेगा लेकिन आजतक इसके बारे में नहीं बताया गया, ना ही हमसे संपर्क किया गया और ना ही आमंत्रण आया और ना ही कभी कहा गया की आकर दर्शन करके जाएं.
सवाल 5: आपने क़रीब 5 साल पहले राम मंदिर में दान दिया था.. इन 5 सालों में क्या आपने कभी ट्रस्ट से या चंपत राय जी से दोबारा संपर्क करने की कोशिश की ? अगर बात हुई, तो वहां से क्या जवाब मिला?
राजू मनवानी: चांदी के बारे में सिर्फ इतना बताया गया था कि चांदी की जांच कर लेंगे तब बताएंगे, चंपत राय के आदमी थे जिन्होंने बोला था की जब तक जांच नहीं होती चांदी की तब तब तक नहीं बता पाएंगे, हमने लगातार संपर्क करने की कोशिश की लेकिन कभी बात नहीं हो पाई. चंपत राय से भी सीधे बात करने की कोशिश की लेकिन उनसे बात नहीं हो पायी और ना ही रिस्पॉंश नहीं मिला, ये तो अभी टीवी पर न्यूज़ देखकर दुःख कि हमारी चांदी का क्या हुआ, लेकिन एक बात की सैटिस्फेक्शन है योगी जी गलत नहीं होने देंगे उन्होंने SIT बैठायी है. मुझे पूरा विश्वास है योगी जी मोदी जी गलत काम होने नहीं देंगे , लेकिन कमसे कम हमे पता चले हमारा दान सही जगह गया है या नहीं गया है.
Ram Mandir Dan Chori: 5 दिनों की जांच में SIT के हाथ लगे कई सुराग
सूत्रों से खबर आ रही है कि SIT चंपतराय को क्लीन चिट देने जा रही है लेकिन अभी तक के जांच के बाद SIT ने किसी को जिम्मेदार नहीं ठहराया है. विस्तार से जांच के लिए अभी समय मांगा है. यानि कि बीते 5 दिनों में जांच में SIT को कई अहम सुराग हाथ लगे हैं. SIT जांच को बहुत संभलकर कर रही है, ताकि इस मामले में कोई निर्दोष न फंस जाए.
Ram Mandir Dan Chori: क्या सवाल उठ रहे
सबसे पहला सवाल: टिन्नू यादव के पास तिजौरी की चाबी रहती थी. दूसरा सवाल: आखिर गोपाल राव किस हैसियत से तिजौरी की अन्य जिम्मेदारियां संभाल रहे थे.
Ram Mandir Dan Chori: चंपतराय को मिली क्लीन चिट
चंपतराय को नहीं थी मंदिर के दान चोरी की जानकारी. सेवादारों पर गाज गिर सकती है. हालांकि SIT ने सीधे तौर पर किसी को जिम्मेदार नहीं माना है. SIT के जांच में कई सवाल खड़े हो गए हैं जिनमें कहा जा रहा है कि बिना जिम्मेदारी के कई लोग अहम भूमिका निभा रहे थे.
Ram Mandir Daan Chori Live: राम मंदिर व्यवस्था संतों के हाथ में हो, सरकार सिर्फ निगरानी करे: पवन पांडेय
राम मंदिर में चढ़ावे और व्यवस्था को लेकर उठे विवाद के बीच समाजवादी पार्टी के नेता पवन पांडेय ने बड़ा बयान दिया है. उन्होंने कहा कि राम मंदिर की व्यवस्था को लेकर अंतिम फैसला राजनीतिक लोगों या सरकारी अधिकारियों को नहीं, बल्कि सनातन धर्म के शीर्ष धर्मगुरुओं और अयोध्या के संत-महंतों को करना चाहिए. पवन पांडेय ने सुझाव दिया कि देश के प्रमुख शंकराचार्यों और अयोध्या के संत-महंतों की एक बैठक बुलाई जाए. इस बैठक में जो भी निर्णय लिया जाए, राम मंदिर की पूरी व्यवस्था उसी के अनुसार संचालित हो. उन्होंने कहा कि केंद्र और प्रदेश सरकार की भूमिका केवल सहयोग और निगरानी तक सीमित रहनी चाहिए. सपा नेता के मुताबिक, राम मंदिर आस्था का विषय है और इससे जुड़े फैसले धार्मिक परंपराओं तथा संत समाज की सहमति से होने चाहिए. उन्होंने कहा कि मंदिर के संचालन और प्रबंधन को लेकर वही व्यवस्था लागू की जाए, जिस पर शंकराचार्यों और अयोध्या के संत-महंतों की सहमति बने.
Ram Mandir Daan Chori Live: राम मंदिर दानपात्र विवाद में बड़ा खुलासा! जांच में मिलीं गंभीर खामियां, SIT ने शुरू की वीडियोग्राफी
अयोध्या के राम मंदिर में चढ़ावे की राशि को लेकर उठे सवालों की जांच के दौरान एसआईटी टीम के हाथ कई अहम जानकारियां लगी हैं. जांच में दानपात्रों की खरीद, रखरखाव और उनकी निगरानी व्यवस्था से जुड़ी गंभीर खामियां सामने आई हैं. मामले की पारदर्शी जांच के लिए पूरी प्रक्रिया की वीडियोग्राफी भी कराई गई है. बताया जा रहा है कि मंदिर परिसर और मुख्य मंदिर में करीब 40 दानपात्र स्थापित हैं, जिनसे निकाली गई दानराशि को विशेष बक्सों में सुरक्षित रखकर काउंटिंग हॉल तक पहुंचाया जाता है. अब जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि व्यवस्था में कहां और कैसे लापरवाही हुई.
Ram Mandir Daan Chori Live: राम मंदिर के दान चोरी पर बोले अरविंद केजरीवाल
आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल ने ट्वीट कर लिखा कि अयोध्या राम मंदिर से करोड़ों की चोरी. अभी तक कोई FIR दर्ज नहीं. इस मामले में बड़े बड़े नाम शामिल. अगर कार्यवाही हुई तो सरकार तक गिर सकती है. आखिर किसे बचाना जरूरी है सरकार को या करोड़ों लोगों के आस्था को.
Ayodhya Ram Mandir News Live: रिपोर्ट का इंतजार करना चाहिए- आलोक कुमार
अयोध्या राम मंदिर चंदे को लेकर विवाद पर विश्व हिंदू परिषद के अंतरराष्ट्रीय अध्यक्ष आलोक कुमार ने कहा कि राम मंदिर में 65 करोड़ लोगों ने पैसा दिया था. चढ़ावे के एक-एक रुपये के हिसाब के लिए श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र जवाबदेह है. इन आरोपों से देश भर में आस्था को जो चोट लगी है, मैं उसे उचित मानता हूँ. मुझे इस बात का संतोष है कि आरोप लगते ही ट्रस्ट ने मुख्यमंत्री जी से कहा इसकी SIT जांच कराएं. हम चाहेंगे जांच पूरी गहराई से .हो किसी के प्रति सहानुभूति रख कर ना हो. दोषी चिन्हित होने चाहिए. उन्हें कड़ी से कड़ी सजा मिलनी चाहिए चाहे वो जो भी हो. रिपोर्ट का इन्तजार करना चाहिए. बिना परिणाम के हम किसी पर कीचड़ नहीं उछालेंगे.
Ram Mandir News Live: किसी की भूमिका अभी तक आधिकारिक तौर पर घोषित नहीं
सूत्रों के मुताबिक, जांच में पता चला है कि कई नियुक्तियां बिना किसी पूरी स्क्रीनिंग प्रक्रिया के की गई हो सकती हैं. SIT इस बात की जांच कर रही है कि प्राण-प्रतिष्ठा समारोह के बाद स्टाफ की ज़रूरतें कैसे बढ़ीं, भर्ती के लिए क्या प्रक्रियाएं अपनाई गईं और नियुक्तियों से जुड़े रिकॉर्ड कैसे रखे गए। ट्रस्ट ऑफिस ने कई अहम दस्तावेज़ सौंपे हैं और अभी उनकी समीक्षा की जा रही है. किसी भी अधिकारी या कर्मचारी की भूमिका के बारे में अभी तक कोई आधिकारिक नतीजा घोषित नहीं किया गया है.
Ayodhya Ram Mandir News Live: राम मंदिर दान चोरी की जांच कर रही SIT ने बढ़ाया अपना दायरा
राम मंदिर में दान के कथित दुरुपयोग की जांच कर रही तीन सदस्यीय स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) ने अपनी जांच का दायरा बढ़ा दिया है. अब इसमें जनवरी 2024 में प्राण-प्रतिष्ठा समारोह के बाद मंदिर में की गई नियुक्तियां, सुरक्षा इंतजाम और प्रशासनिक प्रक्रियाएं भी शामिल हैं. सूत्रों के मुताबिक, SIT अब अपनी जांच को सिर्फ़ दान के पैसे के कथित गलत इस्तेमाल तक सीमित नहीं रख रही है. बल्कि श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के अंदर भर्ती प्रक्रियाओं, रिकॉर्ड रखने के तरीकों और फैसले लेने की प्रक्रियाओं की भी जांच कर रही है. खबर है कि ट्रस्ट के अधिकारियों द्वारा की गई अलग-अलग नियुक्तियों से जुड़े दस्तावेजों की जांच की गई है. साथ ही मंदिर परिसर में तैनात सुरक्षा कर्मियों और स्टाफ सदस्यों के बारे में भी विस्तृत जानकारी मांगी गई है. अभी राम मंदिर में अलग-अलग कामों के लिए करीब 800 कर्मचारी लगे हुए हैं. इनमें से लगभग 200 को सीधे ट्रस्ट ने नियुक्त किया है. प्राइवेट एजेंसियों के कर्मचारी लॉकर सुविधा, सुरक्षा सेवा, जूता-चप्पल रखने के काउंटर और साफ-सफाई का काम संभालते हैं. यज्ञ स्थल पर तैनात वॉलंटियर और सैलरी पाने वाले स्टाफ, तीर्थयात्री सुविधा केंद्रों, सर्विस सेंटरों, पास जारी करने वाले काउंटरों और अकाउंट्स ऑफिस में काम करने वाले कर्मचारियों के साथ-साथ मंदिर के पुजारियों को भी ट्रस्ट ने ही नियुक्त किया है.
Ram Mandir Donation Chori: राम मंदिर के चढ़ावे से हुई चोरी, SIT को मिले सबूत
राम मंदिर के चढ़ावे से हुई चोरी के सबूत एसआइटी को मिल गए हैं. टीम आज या कल में सीएम योगी प्रारंभिक रिपोर्ट सौंप सकती है. एसआइटी की टीम बीते शनिवार की रात को अयोध्या से लखनऊ के लिए रवाना हो गई थी.
Ram Mandir SIT Investigation: राम मंदिर की जांच रिपोर्ट 140 पन्नों में सिमटी
राम मंदिर दान पत्र में कथित गबन मामले की जांच कर रही स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम कल देर रात अयोध्या से लखनऊ के लिए रवाना हो गई. SIT आज सीएम योगी को जांच रिपोर्ट सौंप सकती है. स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम के सहयोगी लगभग 20 सदस्य अभी भी राम जन्मभूमि परिसर में मौजूद हैं. सदस्य पल-पल की जानकारी इकट्ठा कर रहे हैं और अभी भी राम मंदिर परिसर में जांच कर रहे हैं. बीते शनिवार को भी राम मंदिर ट्रस्ट के महासचिव से पूछताछ हुई थी. लगभग तीन घंटे तक बंद कमरे में वीडियोग्राफी के बीच पूछताछ हुई थी. सूत्रों के मुताबिक एसआईटी की जांच रिपोर्ट कुल 140 पन्नों की है. दान गबन मामले पर कई लोगों पर गिर सकती है गाज. कई सेवादारों की हो सकती है छुट्टी.
Ayodhya Ram Mandir News Live: अखिलेश यादव कोई टिप्पणी न करें- केशव प्रसाद मौर्य
श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट में कथित चंदा गबन मामले को लेकर डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने सपा मुखिया अखिलेश यादव के बयान पर पलटवार करते हुए कहा कि अखिलेश यादव और उनका परिवार राम द्रोही है. अखिलेश यादव श्री राम जन्मभूमि के मामले में कोई टिप्पणी न करें. पूरे मामले की तीन सदस्यीय एसआईटी जांच कर रही है. उन्होंने कहा है कि जांच का जो भी निष्कर्ष निकलेगा. दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी.
Ram Mandir News Live: राम मंदिर चढ़ावा चोरी पर क्या बोले संजय निषाद
राम मंदिर मामले पर मंत्री संजय निषाद ने कहा कि धार्मिक संस्थाओं के नाम पर जनता के विश्वास के साथ खिलवाड़ व धोखाधड़ी करने पर सख्त कानून बनना चाहिए. राम मंदिर मामले में मुख्यमंत्री जी ने संज्ञान लेकर जांच शुरू कराई है. लोकतंत्र में जांच एक महत्वपूर्ण और संवैधानिक प्रक्रिया है. जांच के बाद दोषियों को सख्त सजा मिलेगी. ट्रस्ट का मतलब ही विश्वास होता है चाहे वह मंदिर हो ,मस्जिद हो या चर्च.
Ram Mandir News Live: राम मंदिर चंदा चोरी पर क्या बोले मंत्री जेपीएस राठौर
अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर सहकारिता मंत्री जेपीएस राठौर अयोध्या पहुंचे. राम की पैड़ी पर आयोजित योग कार्यक्रम में भाग लिया. कार्यक्रम के बाद पत्रकारों से बातचीत में राम मंदिर के कथित दान घोटाले पर कहा कि मामले की एसआईटी कर रही है जांच. दिलाया भरोसा दान की पाई-पाई का हिसाब लिया जाएगा. जांच में जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी. राठौर ने कहा कि राम मंदिर निर्माण के लिए लाखों लोगों ने संघर्ष और बलिदान दिया. उन्होंने कहा कि किसी भी प्रकार की गड़बड़ी श्रद्धालुओं की आस्था से जुड़ा गंभीर विषय. मंत्री ने माना कि बैंक कर्मियों और गणना कर्मियों को गड़बड़ी करने का अवसर मिला. उन्होंने कहा कि राम मंदिर ट्रस्ट को भी अधिक सजग और सतर्क रहना चाहिए था ताकि ऐसी स्थिति उत्पन्न न हो.
Ram Mandir Daan Chori Live: एसआईटी ने किन-किन चीजों की जांच की
SIT ने CCTV फुटेज, कैश-गिनती के रिकॉर्ड और बैंकिंग दस्तावेज़ों की भी समीक्षा की, ताकि यह पता लगाया जा सके कि क्या स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर (SOP) का पालन किया गया था और क्या प्रक्रिया के किसी भी चरण में कोई हेरफेर हुई थी. सूत्रों ने संकेत दिया कि जांच न केवल दान के पैसे के कथित गबन पर केंद्रित रही, बल्कि मंदिर में मिलने वाले चढ़ावे को संभालने के सिस्टम और निगरानी तंत्र पर भी केंद्रित रही.
Ram Mandir News Live: एसआईटी ने शक के दायरे में आए कई लोगों से की पूछताछ
सूत्रों ने यह भी बताया कि कई लोगों को अपने दावों के समर्थन में दस्तावेज़ों के साथ SIT के सामने पेश होने के लिए कहा गया है. सूत्रों के मुताबिक, टीम ने दान के पैसे के कलेक्शन बॉक्स से बैंक में जमा होने तक के सफर को फिर से समझा और किसी भी संभावित चूक या गड़बड़ी का पता लगाने के लिए रिकॉर्ड, बयानों और प्रक्रिया से जुड़े दस्तावेज़ों की जांच की. जांच के दौरान शक के दायरे में आए कई लोगों से विस्तार से पूछताछ की गई.