उत्तर प्रदेश के अयोध्या में राम मंदिर चढ़ावा चोरी विवाद के बीच मंगलवार (30) जून को कांग्रेस के 9 सदस्यों का एक प्रतिनिधिमंडल अयोध्या जाएगा, जहां वे सभी राम मंदिर में पूजा अर्चना करेंगे. यह जानकारी कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय द्वारा जारी पत्र में दी गयी है. माना जा रहा है कि बीजेपी को घेरने के लिए यह कांग्रेस का राजनैतिक दांव-पेंच माना जा रहा है.
अजय राय के आलावा इस प्रतिनिधिमंडल में अमेठी सांसद किशोरी लाल शर्मा, बाराबंकी सांसद तनुज पुनिया,सीतापुर सांसद राकेश राठौर, सांसद उज्जवल रमण सिंह , फरेंदा विधायक वीरेंद्र चौधरी, पूर्व सांसद एपी गौतम, पूर्व विधायक मीता गौतम, पूर्व एमएलसी दीपक सिंह शामिल रहेंगे.
बीजेपी को घेरने का पैंतरा
अयोध्या मामले में जिस तरह से चढ़ावा चोरी में राम मंदिर प्रबंधन और बीजेपी सरकार पर सवाल उठ रहे हैं, ऐसे में यह पार्टी का राजनैतिक दांव माना जा रहा है. अजय राय पिछले दिनों भी अयोध्या गए थे, तब उन्होंने बीजेपी और आरएसएस पर गंभीर आरोप लगाये थे. ऐसे में SIT जांच और आठ लोगों की गिरफ्तारी के बाद कांग्रेस के नेताओं का अयोध्या जाना और राजनैतिक सरगर्मी बढ़ाएगा.
यूपी चुनाव में बढ़त लेने की कोशिश
आगामी विधानसभा चुनावों को लेकर भी कांग्रेस इन दिनों काफी मुखर है, चूंकि राम मंदिर में गबन का मुद्दा सबसे पहले सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने उठाया था. ऐसे में कांग्रेस भी इस मुद्दे के जरिए बीजेपी को लगातार घेरने में जुटी है. जिससे अगले कुछ दिनों तक यूपी में इस मुद्दे पर सियासत गर्म ही रहने का अनुमान है.
यूपी चुनाव को देखते हुए कांग्रेस ने अभी हाल में प्रदेश प्रभारी अविनाश पांडेय की जगह राजेन्द्र पाल गौतम को प्रभारी बनाया है. जोकि दलित वर्ग से ताल्लुक रखते हैं. पार्टी अपने पुराने वोट बैंक को साधने के लिए ये दांव खेल रही है. बीते लोक सभा चुनावों में भी इंडिया गठबंधन को दलित और ओबीसी वोट मिला था. फिर राहुल गांधी जिस सामाजिक न्याय की बात इन दिनों कर रहे हैं, ऐसी नियुक्ति से पार्टी का सन्देश भी देने की कोशिश है.
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