अयोध्या के राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में गिरफ्तार सभी आठ आरोपियों को आज सोमवार (29 जून) को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग (VC) के जरिए अदालत में पेश किया गया. इश सुनवाई के बाद अदालत ने सभी आरोपियों को 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया. अब इस मामले में सभी आरोपियों की अगली पेशी 13 जुलाई को होगी.
सभी आरोपियों को जेल से ही वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए ड्यूटी मजिस्ट्रेट के सामने पेश किया गया. इस दौरान पुलिस ने अदालत के सामने केस डायरी और जांच से जुड़े दस्तावेज रखे. पुलिस ने कहा कि मामले की जांच अभी पूरी नहीं हुई है और कई अहम पहलुओं की जांच बाकी है. ऐसे में आरोपियों को फिलहाल न्यायिक हिरासत में रखा जाना जरूरी है.
पुलिस ने अदालत को बताया कि राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की ओर से दी गई तहरीर के आधार पर एफआईआर दर्ज की गई थी. शुरुआती जांच में मिले सबूतों के बाद सभी आठ आरोपियों को गिरफ्तार किया गया. गिरफ्तारी के बाद ड्यूटी मजिस्ट्रेट ने उन्हें तीन दिन के लिए जेल भेजा था. अब जांच को आगे बढ़ाने और बाकी सबूत जुटाने के लिए और समय की जरूरत है. इसलिए आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेजने की मांग की गई.
अदालत को ये भी बताया गया कि रविवार को आरोपियों के घरों पर छापेमारी की गई थी. इस दौरान नकदी, सोने-चांदी के गहने और कई अहम दस्तावेज बरामद हुए हैं. पुलिस इन सभी सामानों का सत्यापन कर रही है ताकि ये पता लगाया जा सके कि उनका इस मामले से कोई संबंध है या नहीं.
पुलिस का कहना है कि जांच के दौरान अगर आरोपियों से और पूछताछ की जरूरत पड़ी तो अदालत से पुलिस कस्टडी रिमांड की मांग की जाएगी. इसके लिए जांच टीम सवालों की एक विस्तृत सूची तैयार कर रही है. जरूरत पड़ने पर आरोपियों को पुलिस रिमांड पर लेकर उनसे दोबारा पूछताछ की जाएगी. फिलहाल सभी आठ आरोपी 13 जुलाई तक न्यायिक हिरासत में रहेंगे. इस बीच पुलिस मामले से जुड़े बाकी सबूत जुटा रही है.