रामनगरी अयोध्या में छोटी छावनी के समीप स्थित दर्शन भवन में देश की उन्नति, विश्व शांति और गरीब कल्याण के संकल्प के साथ 53वें श्रीविद्या कोटि कुमकुमार्चन महायज्ञ का शुभारंभ श्रद्धा और उल्लास के बीच हुआ। महायज्ञ का आयोजन वरिष्ठ संत स्वामी अभिषेक ब्रह्मचारी के सान्निध्य में संपन्न हो रहा है।
इसमें हजारों की संख्या में सुहासिनी माताओं और श्रद्धालुओं ने भाग लिया। वैदिक मंत्रोच्चार, हवन और कुमारी पूजन से पूरा परिसर भक्तिमय वातावरण में सराबोर रहा। इस अवसर पर संत कमल नयन दास जी महाराज, संत राघवाचार्य जी महाराज, स्वामी सर्वेश्वरानंद सरस्वती सहित देशभर से आए अनेक संत-महात्मा उपस्थित रहे। सभी संतों ने महायज्ञ की पूर्णाहुति पर राष्ट्र और समाज के कल्याण की कामना की।
विकास की दिशा में आगे बढ़ रहा देश
स्वामी अभिषेक ब्रह्मचारी ने कहा कि माता ललिता से उनकी प्रार्थना है कि भारत निरंतर प्रगति के पथ पर आगे बढ़ता रहे। वर्ष 2014 के बाद भारत की वैश्विक प्रतिष्ठा में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश सनातन मूल्यों के साथ विकास की दिशा में आगे बढ़ रहा है।
उन्होंने गौ संरक्षण के विषय में भी अपनी बात रखते हुए कहा कि वर्तमान समय में गौ माता के सम्मान और संरक्षण की दिशा में गंभीर प्रयास किए जा रहे हैं। प्रधानमंत्री का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि गौ, गंगा और गीता की रक्षा के लिए सरकार प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है।