धार्मिक प्रवृत्ति के चंदू लाला अविवाहित थे और अपने हिस्से की करीब छह बीघा कृषि भूमि से होने वाली आय का उपयोग धार्मिक आयोजनों में करते थे। वह गांव में कई भागवत कथाएं करा चुके थे तथा 12 जून से एक और कथा का आयोजन प्रस्तावित था, जिसकी तैयारियां पूरी हो चुकी थीं।
मृतक पुजारी दिलीप उर्फ चंदू लाला
– फोटो : फाइल फोटो