बीबीडी के अनौरा खुर्द में मंगलवार तड़के मां उषा देवी (42) को प्रेमी के साथ आपत्तिजनक हालत में देखकर बेटा संदीप आगबबूला हो गया। आरोपी बेटे ने कुल्हाड़ी से मां पर वार किया। हमले में उषा गंभीर रूप से घायल हो गईं। बुधवार को ट्रॉमा सेंटर में उषा ने दम तोड़ दिया। पुलिस ने आरोपी बेटे को गिरफ्तार कर लिया है।
इंस्पेक्टर बीबीडी राम सिंह के मुताबिक मूलरूप से बिहार के सिवान निवासी उषा देवी अनौरा खुर्द में प्रवेश कुमार के मकान में बेटे सोनू के साथ रहती थीं। उनकी बेटी खुशबू की शादी बाराबंकी में हुई है। उषा पास में ही हॉस्टल में खाना बनाती थीं। करीब 15 वर्ष पहले उषा के पति मुद्रिका शाह की एक्सीडेंट से मौत हो गई थी। उषा का बड़ा बेटा संदीप अहमदाबाद में रहकर प्लंबरिंग का काम करता है।
उषा के दामाद जैसेराम ने बताया कि हॉस्टल में गोंडा निवासी महेंद्र प्रताप भी सास के साथ काम करता है। इसी दौरान उसका सास के घर में आना-जाना शुरू हो गया था। दोनों में प्रेम प्रसंग था। जैसेराम के मुताबिक 12 दिन पहले उषा और महेंद्र का सोनू से विवाद हो गया था। दोनों ने सोनू की पिटाई कर दी थी। नाराज होकर सोनू अपनी बहन खुशबू के पास बाराबंकी चला गया था। जानकारी होने पर संदीप ने खुशबू से फोन पर बात की थी। खुशबू ने संदीप को मां और महेंद्र के करीबी संबंधों के बारे में बताया। इस पर संदीप अहमदाबाद से मंगलवार तड़के करीब तीन बजे घर पहुंचा। कमरे में जाने पर उषा प्रेमी के साथ आपत्तिजनक हालत में मिलीं। यह देख संदीप आगबबूला हो गया। दोनों पक्षों में विवाद हुआ। झगड़े के बाद महेंद्र और उषा छत पर चले गए।
इस बीच संदीप कुल्हाड़ी लेकर छत पर पहुंचा और दोनों पर वार किया। उषा ने उसे रोकने की कोशिश की, लेकिन हमले में उनके सिर पर गंभीर चोट आई और वह लहूलुहान होकर गिर पड़ीं। शोरगुल सुनकर पड़ोसी किरायेदार शिव बालक भी वहां पहुंच गए। इसके बाद घटना की सूचना पुलिस को दी गई। उषा को लोहिया अस्पताल ले जाया गया, जहां से उन्हें ट्रॉमा सेंटर रेफर कर दिया गया। बुधवार सुबह उषा की मौत हो गई।