राजधानी लखनऊ में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि सभी शासकीय एवं निजी मेडिकल कॉलेज, चिकित्सा संस्थान, जिला स्तरीय महिला एवं पुरुष चिकित्सालय तथा होटलों में फायर एनओसी की स्थिति का तत्काल सत्यापन कराया जाए। जिन संस्थानों की फायर एनओसी की वैधता समाप्त होने वाली है या जिनके पास एनओसी नहीं है, उन्हें तत्काल नोटिस जारी करें। साथ ही जन सुरक्षा के साथ कोई समझौता स्वीकार्य नहीं होगा। सभी डीएम फायर सुरक्षा मानकों का कड़ाई से अनुपालन कराएं।
सीएम रविवार को स्टेट ट्रांसफॉर्मेशन कमीशन की बैठक में एक्सप्रेसवे, औद्योगिक अवसंरचना, ग्रामीण आजीविका, ऊर्जा, कृषि, डेटा सेंटर, ईवी चार्जिंग सहित प्रदेश की विभिन्न परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा कर रहे थे। उन्होंने लखनऊ नगर निगम क्षेत्र में सीवर लाइन एवं मेनहोल से गुजर रही हाईटेंशन विद्युत लाइनों को हटाने एवं अलग-अलग करने की कार्यवाही की भी समीक्षा करते हुए इसे प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि विकास कार्यों में अनावश्यक विलंब स्वीकार्य नहीं होगा।
लाइन लॉस पर फीडरवार जवाबदेही निर्धारित करें
ऊर्जा विभाग की समीक्षा के दौरान मंडलायुक्त मेरठ, आगरा एवं सहारनपुर को लाइन लॉस के संबंध में फीडरवार जवाबदेही निर्धारित करने और बिजली चोरी पर अंकुश लगाने को अभियान चलाकर कार्रवाई करने को कहा। उन्होंने औद्योगिक विकास प्राधिकरणों के लिए प्रस्तावित मॉडल बिल्डिंग बायलॉज की समीक्षा में कहा कि आपत्तियों का परीक्षण कर आगामी 15 दिनों में प्रक्रिया पूरी कर प्रस्ताव कैबिनेट भेजें।
ईवी चार्जिंग स्टेशनों में निजी निवेश के लिए जरूरी प्रक्रियाएं करें सरल
सीएम ने इलेक्ट्रिक वाहनों की बढ़ती संख्या को देखते हुए ईवी चार्जिंग स्टेशनों की स्थापना में निजी निवेश की संभावनाओं पर कहा कि इच्छुक निवेशकों के लिए आवश्यक अनुमतियां एवं प्रक्रियाओं को सरल बनाया जाए। बैठक में बताया गया कि प्रधानमंत्री ई-ड्राइव योजना के अंतर्गत चयनित स्थलों पर चार्जिंग स्टेशन स्थापित किए जा रहे हैं।