सपा अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने अपने जन्मदिन के अवसर पर बुधवार को डिजिटल सदस्यता अभियान लॉन्च किया। हर बूथ पर 50 नए सदस्य बनाने का आह्वान किया। इस अवसर पर मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा कि भाजपा संविधान, आस्था और श्रद्धा से खिलवाड़ कर रही है। आम मतदाता को समाजवादी पार्टी से बड़ी उम्मीदें हैं। उनकी उम्मीदों पर खरा उतरना हमारी जिम्मेदारी है।
प्रदेश सपा मुख्यालय पर अखिलेश यादव की मौजूदगी में दलित समुदाय से आने वाली अंजलि और उनके परिवार को सपा का सदस्य बनाकर सदस्यता अभियान का शुभारंभ किया गया। कुछ समय पहले राजधानी में भंडारे के आयोजन में अंजलि ने अखिलेश यादव को प्रसाद खिलाया था। सपा अध्यक्ष ने कहा कि इस कारण से अंजलि के परिवार को सरकार के अन्याय का सामना करना पड़ा। उन्होंने कहा कि आज हम संकल्प लेते है कि प्रदेश की जनता को नई सरकार देंगे, जो उनकी समस्याओं का समाधान करेगी।
अखिलेश यादव ने कहा कि प्रभु श्रीराम ने रास्ता दिखा दिया है। भाजपा भ्रष्टाचारी है। थानों, तहसीलों और अस्पतालों में भारी भ्रष्टाचार है। संविधान बदलने के लिए सांसदों को खरीद रही है। प्रभु श्रीराम भाजपा से पहले से हैं। भाजपा ने रामधन चोरी किया है। मर्यादा का एक नाम भगवान श्रीराम का है और दूसरा नाम बाबा साहब का संविधान है। भाजपा ने दोनों को दगा दे दिया है। राम मंदिर चढ़ावा चोरी के तार कर्नाटक और महाराष्ट्र से जुड़े हैं। चढ़ावा चोरी का सबूत मिटाने के लिए सीसीटीवी बंद कर दिए गए थे।
असली रामभक्त बन करना पड़ा ट्वीट
एक सवाल के जवाब में अखिलेश यादव ने कहा कि जब इटावा में केदारेश्वर भगवान का मंदिर बनाना शुरू किया तो हमें नहीं पता था कि यह श्रीशक्ति अक्ष रेखा पर आ जाएगा। हम तो केवल माध्यम हैं। इसी तरह से भगवान श्रीराम मंदिर में चढ़ावा चोरी के मामले की जानकारी मिली। हिम्मत जुटाकर प्रभु श्रीराम का असली भक्त बनकर हमें ट्वीट करना पड़ गया। सोचिए अगर हम लोग गलत होते तो भाजपा हमारे खिलाफ कितना कुछ प्रचार करती। इस अवसर पर विधानसभा में नेता विरोधी दल माता प्रसाद पांडेय, पूर्व मंत्री बलराम यादव, राजेंद्र चौधरी, प्रदेश अध्यक्ष श्याम लाल पाल, सांसद सनातन पांडेय, पूर्व एमएलसी संजय लाठर, एमएलसी मो. जासमीर अंसारी आदि मौजूद रहे।
20 रुपये रखा गया सदस्यता शुल्क
सपा ने सदस्यता शुल्क 20 रुपये रखा है। अखिलेश यादव ने कहा कि सदस्यता अभियान से हमें चंदा भी प्राप्त होगा।