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यूपी के गोरखपुर में परिवार के तीन सदस्यों की हत्या के आरोपी बाल अपचारी ने पुलिस की पूछताछ में बताया कि वह घर में भेदभाव से तंग आ गया था। उसे ठीक से भोजन तक नहीं मिलता था। कपड़ा खरीदने तक के पैसे नहीं मिलते थे। अब जेल में कम से कम दो वक्त की रोटी तो मिलेगी।

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मौके पर पुलिस टीम
– फोटो : अमर उजाला
नाबालिग बोला- नहीं मिलता था घर में खाना
एसपी साउथ दिनेश पुरी ने बताया कि आरोपी बाल अपचारी ने पूछताछ में अपना जुर्म कबूल लिया है। उसने बताया कि घर में उसे भोजन नहीं मिलता था। घर का माहौल उसके लिए ठीक नहीं था। पांचवीं तक वह पढ़ने में काफी अच्छा था लेकिन उसके बाद उसे पढ़ने नहीं दिया गया। किसी तरह मजदूरी करके उसने अपनी फीस दी और नौवीं तक पढ़ाई की। इसके बाद दसवीं में वह फेल हो गया।

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घर के बाहर ग्रामीण
– फोटो : अमर उजाला
मेरी कोई नहीं सुनता था, सब भाई की सुनते थे
आरोपी ने बताया कि वह अक्सर घर में कहता भी था कि उसके साथ गलत हो रहा है लेकिन कोई सुनता नहीं था। केवल बड़े भाई की ही सुनी जाती थी। पिछले दो दिन से उसको भोजन नहीं मिला था। मोबाइल फोन रिचार्ज के लिए भी रुपये बहन से लेने पड़ते थे। इन्हीं सब चीजों से तंग आकर उसने हत्या कर दी। वारदात के बाद आरोपी छत पर जाकर बैठ गया था। वहां पिता ने कुंडी लगा दी। इसके बाद पहुंची पुलिस ने उसे हिरासत में ले लिया।

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मौके पर मौजूद पुलिस टीम
– फोटो : अमर उजाला
दो महीने पहले की थी शिकायत, हिस्से के लिए मार डाला
पिता हरिलाल गुप्ता ने बताया कि वह कैंसर पीड़ित हैं और पत्नी हार्ट की मरीज है। बड़ा बेटा अंडे और पान की दुकान लगाकर परिवार का जीविकोपार्जन करता था। साथ ही पति-पत्नी का इलाज भी करवाता था। छोटा बेटा नौंवी की पढ़ाई करने के बाद घर पर रहने लगा। वह व्यवसाय करने के लिए अक्सर रुपये की मांग करता था। उन्होंने जब रुपये देने में असमर्थता दिखाई तो उनके और भाई के साथ मारपीट व गाली-गलौज करता था। दो महीने पहले उन्होंने छोटे बेटे के खिलाफ थाने में शिकायत की थी। पिता का आरोप है कि वह पूरी जायदाद लेना चाहता था। इसीलिए उसने भाई को मार डाला ताकि उसका हिस्सा भी उसे मिल जाए। उनका एक मकान है जिसमें उनका और बड़े भाई का परिवार रहता है। खेती सिर्फ एक बीघा है।

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हत्याकांड की जांच करती पुलिस
– फोटो : अमर उजाला
12 साल बाद हुआ था बेटा
ग्रामीणों का कहना है कि अमित और रंजना की शादी 16 साल पहले हुई थी। शादी के काफी दिनों तक बच्चे नहीं होने के कारण पति-पत्नी ने लड़की को गोद लिया था। इसके छह साल बाद दंपती को बेटा हुआ था। आरोपी ने इसे भी मार डाला।